Wednesday, February 4, 2026
Homeदेशएमपी:सागर में अब मिलेगा रसायन मुक्त आहार: पी.टी.सी. ग्राउंड में 21 दिसंबर...

एमपी:सागर में अब मिलेगा रसायन मुक्त आहार: पी.टी.सी. ग्राउंड में 21 दिसंबर से सजेगा ‘जैविक/प्राकृतिक हाट बाजार’

सागर। आमजन के स्वास्थ्य और पोषण को प्राथमिकता देते हुए जिला प्रशासन एवं किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग, सागर द्वारा एक अनूठी पहल की जा रही है। जिले में जैविक खेती को बढ़ावा देने और नागरिकों को शुद्ध खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से रविवार, 21 दिसंबर 2025 को ‘जैविक/प्राकृतिक हाट बाजार’ का भव्य शुभारंभ होने जा रहा है।


कहाँ और कब होगा आयोजन?
यह विशेष हाट बाजार शहर के पी.टी.सी. ग्राउंड (पीलीकोठी), पहलवान बब्‍बा मंदिर के पास लगाया जाएगा। रविवार सुबह से ही नागरिक यहाँ पहुँचकर सीधे किसानों से शुद्ध उत्पादों की खरीदी कर सकेंगे।
मुख्य आकर्षण: विष रहित और शुद्ध उत्पाद
इस हाट बाजार का प्राथमिक उद्देश्य रसायनों से मुक्त, विष रहित और उच्च गुणवत्ता वाले उत्पाद आम जनता तक सहजता से पहुँचाना है।

विक्रय के लिए निम्नलिखित उत्पाद उपलब्ध रहेंगे:

ताजे फल एवं सब्जियां: बिना किसी पेस्टिसाइड के उगाई गई मौसमी सब्जियां।

  • अनाज व दालें: पारंपरिक और प्राकृतिक तरीके से तैयार पौष्टिक अनाज।
  • मसाले: शुद्धता की गारंटी के साथ तैयार किए गए घरेलू मसाले।
  • अन्य खाद्य उत्पाद: स्वास्थ्यवर्धक और प्राकृतिक विधियों से निर्मित अन्य सामग्री।

  • स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता की ओर कदम
    जिला प्रशासन की इस पहल से न केवल शहरवासियों को मिलावट रहित और पौष्टिक आहार मिलेगा, बल्कि प्राकृतिक खेती करने वाले किसानों को भी अपने उत्पादों के विक्रय के लिए एक सीधा मंच (Marketplace) प्राप्त होगा।
    विभागीय अधिकारियों ने जिले के नागरिकों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में इस हाट बाजार में पहुँचकर प्राकृतिक उत्पादों का लाभ उठाएं और अपने जीवन को स्वस्थ बनाने की दिशा में कदम बढ़ाएं।

सप्ताह में एक दिन लगेगा प्राकृतिक/ जैविक हाट बाजार

जैविक /प्राकृतिक हाट बाजार सप्ताह में एक दिन रविवार को पी.टी.सी. ग्राउंड पीलीकोठी, पहलवान बब्‍बा मंदिर के पास सागर में प्रात: 10 बजे से सायं 04 बजे तक लगाया जाएगा।

प्राकृतिक जैविक हाट के लिए किसानों का चयन

  उपसंचालक कृषि सागर के निर्देशन में इस हाट बाजार की तैयारी कृषि विभाग ने विगत माह से ही प्रारंभ कर दी थी जिसमें सर्वप्रथम क्षेत्र में प्राकृतिक /जैविक खेती करने वाले किसानों का चयन किया गया तत्‍पश्‍चात विभाग की टीम ने खेतों पर जाकर सत्यापन कर चयनित  किसानों को प्राकृतिक/ जैविक हाट में खाद्य उत्‍पाद  विक्रय के लिए आमंत्रित किया ।सभी विक्रेता किसानों को विभाग द्वारा पहचान पत्र जारी किए गए हैं।

जैविक/ प्राकृतिक खेती में नहीं होता रसायनों का उपयोग

जैविक/प्राकृतिक खेती में किसी भी प्रकार के रसायन का प्रयोग नहीं किया जाता है बल्कि गोबर की खाद, वर्मी कंपोस्ट, मटका खाद या प्राकृतिक रूप से बनाए जाने वाले उत्पाद जैसे जीवामृत बीजामृत,घनजीवामृत, आग्नेयास्त्र ,नीमास्त्र  का  उपयोग किया जाता है। इस प्रकार तैयार हुए उत्पाद पूर्णत: शुद्ध, प्राकृतिक, विषरहित होते हैं।

जैविक/प्राकृतिक खेती से नहीं होता प्रदूषण

जैविक/प्राकृतिक खेती में रसायनों के इस्तेमाल न होने के कारण मृदा, पशु व मानव स्वास्थ्य पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ता साथ ही जैविक/प्राकृतिक उत्‍पाद स्वास्थ्य की दृष्टि से अधिक पौष्टिक व स्वादिष्ट होते हैं।
प्रमुख आकर्षण (फल,सब्‍जी, मसाले, अनाज, दालें एवं अन्‍य जैविक/ प्राकृतिक खाद्य उत्‍पाद) पपीता, आवला, अमरूद, आलू, टमाटर, धनियां,मिर्च, मूली, लौकी, बैगन, रतालू, हरी भाजी, गेहू, दाल दलिया, काली हल्‍दी, मुनगां पाउडर, देशी शहद इत्‍यादि।

जिले भर के किसान होगें सम्मिलित

इस हाट बाजार में जिले के सभी विकासखण्‍डों से जैविक/प्राकृतिक खेती करने वाले किसान सम्मिलित होंगे। विक्रय करने वाले किसानों में विकासखंड सागर के ग्राम कपूरिया के   श्री आकाश चौरसिया, ग्राम खडेराखुर्द के श्री राकेश पटेल, ग्राम तिली माफी के श्री श्रीकांत देसाई विकासखंड राहतगढ़ के ग्राम एरन से श्री अशोक कुशवाह, ग्राम भापेल से श्री श्यामसुंदर सिंह, विकासखण्‍ड जैसीनगर के ग्राम जरारा के श्री संजय सेलट, ग्राम मडखेड़ा जागीर के श्री देवेंद्र पांडे ग्राम अगरिया के श्री बलराम गौतम, ग्राम टेहरा टेहरी के श्री शोभाराम, विकासखण्‍ड रहली से ग्राम पटाई के श्री अरविन्‍द्र पटेल व श्री हेमन्‍त पटेल व अन्‍य विकासखण्‍डों से चयनित सभी किसान  जैविक/ प्राकृतिक उत्‍पाद के साथ सम्मिलित होगें।

Yogesh Soni Editor
Yogesh Soni Editorhttp://khabaronkiduniya.com
पत्रकारिता मेरे जीवन का एक मिशन है,जो बतौर ए शौक शुरू हुआ लेकिन अब मेरा धर्म और कर्म बन गया है।जनहित की हर बात जिम्मेदारों तक पहुंचाना,दुनिया भर की वह खबरों के अनछुए पहलू आप तक पहुंचाना मूल उद्देश्य है।
RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments