”सरसों के नाम पर मिट्टी का खेल: रहली में करोड़ों का महाघोटाला, 5 जालसाजों पर FIR”
”मिट्टी बनी सरसों! सरकारी तिजोरी पर करोड़ों की सेंध, रहली में बड़ी धोखाधड़ी का पर्दाफाश”
रहली सागर/ समर्थन मूल्य (MSP) योजना के तहत सरसों खरीदी में करोड़ों रुपये के घोटाले और मिलावट का सनसनीखेज मामला सामने आया है। रहली पुलिस ने एन.सी.एम.एल. (NCML) सर्वेयर और वेयरहाउस प्रबंधक सहित 5 लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी का मामला दर्ज किया है।
मुख्य बिंदु:
नकली सरसों का खेल: नेफेड द्वारा बेची गई सरसों में 35 से 40% तक मिट्टी के बने नकली दाने मिले हैं। यह दाने बिल्कुल सरसों जैसे दिखते हैं।
जांच में खुलासा: जब ‘शिवशक्ति सागर ट्रेडिंग कंपनी’ ने स्टॉक उठाया, तो मिलावट की पुष्टि हुई। गोदाम में रखी हजारों बोरियों पर ‘किसान कोड’ तक नहीं डाला गया था, जो बड़ी साजिश की ओर इशारा करता है।
इन पर हुई FIR: पुलिस ने रंजित कुमार के आवेदन पर छिरारी समिति संचालक विजय जैन, खैराना केंद्र संचालक जगदीश लोधी, सर्वेयर अभिषेक दुबे व पुष्पेंद्र साहू और तत्कालीन शाखा प्रबंधक वर्षा तोमर के विरुद्ध BNS की धारा 318(3), 274 और खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत केस दर्ज किया है।
असर: सरकारी उपार्जन नीति का उल्लंघन कर शासन और व्यापारियों के साथ की गई इस बड़ी धोखाधड़ी ने पूरे जिले के कृषि विभाग और सहकारी समितियों में हड़कंप मचा दिया है।
